UP Roadways Rakshabandhan Gift 2026: रक्षाबंधन का त्योहार बहनों के लिए प्यार और खुशियों की सौगात लेकर आता है, लेकिन इस बार उत्तर प्रदेश सरकार और परिवहन निगम (UP BUP/Roadways) ने त्योहार के इस खास मौके पर राज्य की महिलाओं और रोडवेज कर्मचारियों दोनों के लिए ही खुशियों का पिटारा खोल दिया है।
क्या आप जानते हैं कि इस रक्षाबंधन पर आपकी दादी, नानी या माँ बस में बिल्कुल मुफ्त सफर कर सकती हैं? जी हां, और इतना ही नहीं! दिन-रात मेहनत करके आपको आपकी मंज़िल तक पहुँचाने वाले रोडवेज के ड्राइवरों और कंडक्टरों को भी इस बार विशेष प्रोत्साहन भत्ता मिलने जा रहा है।
आइए, आसान भाषा में विस्तार से जानते हैं कि सरकार की इस नई योजना का लाभ किसे और कैसे मिलेगा!
रोडवेज कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले: मिलेगा ₹1200 का प्रोत्साहन भत्ता
रक्षाबंधन के दौरान बहनों और यात्रियों को किसी भी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए परिवहन निगम ने अतिरिक्त बसों को सड़कों पर उतार दिया है। 31 अगस्त 2026 तक अधिक से अधिक बसों का निर्बाध संचालन जारी रहेगा। भीड़-भाड़ को संभालने के लिए प्रमुख बस स्टेशनों पर अतिरिक्त कर्मचारियों और पर्यवेक्षकों (Supervisors) की तैनाती कर दी गई है।
लेकिन असली खुशखबरी तो चालकों और परिचालकों के लिए है!
- 1800 किमी का टारगेट: जो ड्राइवर और कंडक्टर 26 अगस्त से 31 अगस्त (कुल 6 दिनों) के भीतर 1800 किलोमीटर बस संचालन का लक्ष्य पूरा करेंगे, उन्हें निगम की ओर से ₹1200 रुपये की प्रोत्साहन राशि (Incentive) दी जाएगी।
- अतिरिक्त किमी पर एक्सट्रा कमाई: यदि संविदा कर्मचारी 1800 किलोमीटर से अधिक बस चलाते हैं, तो उन्हें प्रति किलोमीटर 55 पैसे की दर से अतिरिक्त भुगतान किया जाएगा।
इससे न केवल कर्मचारियों का हौसला बढ़ेगा, बल्कि त्योहार पर यात्रियों को बसों के लिए लंबा इंतजार भी नहीं करना पड़ेगा।
60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा , राज्यपाल की मिली मंज़ूरी
इस बार का रक्षाबंधन उत्तर प्रदेश की वरिष्ठ महिला नागरिकों के लिए बेहद खास होने वाला है। राज्य सरकार द्वारा शुरू की गई ‘लोकमाता अहिल्या बाई मातृ शक्ति यात्रा योजना’ के तहत प्रदेश की बुजुर्ग महिलाओं को रोडवेज बसों में मुफ्त यात्रा का बड़ा तोहफा मिला है।
उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने 60 वर्ष से अधिक आयु की महिलाओं को परिवहन निगम की साधारण (Non-AC Ordinary) बसों में मुफ्त सफर की स्वीकृति दे दी है। यह सुविधा 28 अगस्त 2026 से लागू कर दी गई है।
किसे मिलेगा इस योजना का लाभ? (Eligibility Criteria)
परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने योजना की पूरी जानकारी साझा करते हुए बताया कि:
- महिला यात्री की आयु 60 वर्ष या उससे अधिक होनी चाहिए।
- महिला मूल रूप से उत्तर प्रदेश की निवासी होनी चाहिए।
कैसे काम करेगी यह पूरी व्यवस्था?
अक्सर लोगों के मन में यह सवाल आता है कि बस में सफर करते समय उम्र की पहचान कैसे होगी या सरकार रोडवेज को इस किराए की भरपाई कैसे करेगी?
- स्मार्ट कार्ड की व्यवस्था: परिवहन मंत्री ने स्पष्ट किया है कि योजना के तहत पात्र लाभार्थी महिलाओं को मुफ्त यात्रा की सुविधा देने के लिए जल्द ही विशेष स्मार्ट कार्ड (Smart Cards) जारी करने के निर्देश दिए जाएंगे।
- बजट और प्रतिपूर्ति: परिवहन निगम हर महीने महिलाओं द्वारा की गई मुफ्त यात्राओं और बनने वाले किराए का पूरा सत्यापित विवरण परिवहन विभाग और शासन को भेजेगा, जिसके बाद शासन द्वारा निगम को इस राशि का भुगतान किया जाएगा।
चाहे बात बसों के निर्बाध संचालन की हो, ड्राइवरों-कंडक्टरों की मेहनत का सम्मान करने की हो, या फिर हमारी बुजुर्ग माताओं-बहनों को सम्मानजनक मुफ्त सफर देने की—यूपी सरकार और परिवहन निगम का यह कदम वाकई तारीफ के काबिल है।
तो देर किस बात की? अगर आपके घर में भी 60 वर्ष से अधिक उम्र की बुजुर्ग महिलाएं हैं, तो इस रक्षाबंधन उन्हें इस योजना की जानकारी ज़रूर दें और उनकी यात्रा को सुखद बनाएं!
क्या आपके घर के पास के बस स्टेशन पर रक्षाबंधन की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं? हमें कमेंट बॉक्स में ज़रूर बताएं!
